राज्यपाल लालजी टंडन द्वारा सोमवार को विधानसभा में पढ़े जाने वाले अभिभाषण में किसानों की कर्जमाफी, आम जनता को सस्ती बिजली दिए जाने, कन्या विवाह और निकाह योजना की राशि बढ़ाकर 51 हजार रुपए किए जाने जैसी सरकार की जनहितैषी योजनाओं को शामिल किया गया है। इसमें वृद्धावस्था पेंशन की राशि 600 रुपए किए जाने और कर्मचारियों की समस्याओं के निराकरण के लिए कर्मचारी आयोग गठित किए जाने का जिक्र किया गया है। कैबिनेट ने राज्यपाल के अभिभाषण संबंधी प्रस्ताव को मंजूरी दे दी।
कैबिनेट की बैठक के बाद पत्रकारवार्ता में चर्चा का विषय यह भी रहा कि जब राज्यपाल ने शनिवार देर रात मुख्यमंत्री कमलनाथ को पत्र में साफ कर दिया है कि मुझे प्रथम दृष्टया विश्वास हो गया है कि आपकी सरकार अल्पमत में है। इस बारे में जब जनसंपर्क मंत्री से पीसी शर्मा से सवाल पूछा गया तो उनका कहना था कि राज्यपाल की अनुमति से ही विधानसभा सत्र आहूत किया जा रहा है। बाकी जो भी विषय हैं वे विधानसभा अध्यक्ष के विशेषाधिकार से जुड़े हैं।
मंत्री बोले - जो विधायक प्रदेश के बाहर से भोपाल आ रहे हैं सभी की स्क्रीनिंग हो
कैबिनेट में मंत्री तरुण भनोत ने कहा कि विपक्ष भले ही कोरोना को लेकर जो भी कहे, लेकिन हम सरकार में है। हमारी चिंता जब इस बीमारी को पूरी दुनिया ने महामारी घोषित कर दिया है तो इस पर विस्तृत चर्चा होना चाहिए, इसका सामान्य प्रशासन मंत्री डा. गोविंद सिंह, पशुपालन मंत्री लाखन सिंह यादव, बाला बच्चन, सुखदेव पांसे, ओमकार मरकार और हर्ष यादव समेत अन्य मंत्रियों ने भी समर्थन किया। इन मंत्रियों का सुझाव था कि जयपुर, बेंगलुरू और हरियाणा के गुरुग्राम में जो विधायक ठहरे हुए हैं, इन शहरों में भी कोरोना पैर पसार रहा है। इसलिए वहां से जो भी विधायक भोपाल आ रहे हैं उन सभी की स्क्रीनिंग होना चाहिए।
सामूहिक समारोहों और अनावश्यक यात्रा न करने की सलाह
इसके बाद तत्काल जयपुर से भोपाल लौटे मंत्रियों और विधायकों की स्क्रीनिंग कराने के स्वास्थ्य विभाग ने आदेश जारी किए। इसके साथ ही स्वास्थ्य मंत्री ने प्रदेश में कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए जारी दिशा-निर्देशों पर भी कैबिनेट में चर्चा हुई, जिसमें सामूहिक समारोहों और अनावश्यक यात्रा न करने की सलाह दी गई है। सामूहिक स्तर पर समारोहों की अनुमति नहीं दिए जाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रदेश में स्कूल, कॉलेज, आंगनवाड़ी, सार्वजनिक पुस्तकालय, वाटर पार्क, जिम, स्वीमिंग पूल, सिनेमा हाल और मैरिज हाल को आगामी आदेश तक बंद रखने, आधिकारिक यात्रा, प्रशिक्षणों तथा सार्वजनिक समारोहों को स्थगित रखने और 20 से अधिक लोगों की सभाओं के आयोजन को रोकने के लिए कानूनी उपाय किए जाने की जानकारी दी गई।